Saturday, July 11, 2020
Follow us on
ब्रेकिंग न्यूज़
नादौन पुलिस स्टेशन हिमाचल का सर्वश्रेष्ठ थाना घोषित , 47 पंचायतों की क़रीब एक लाख जनता को बेहतर सुरक्षा, व 19 मानकों पर तय हुई रैंकिंगब्रेकिंग: कलयुगी दादा ने अपनी 9 साल की पोती को बनाया हवस का शिकारशहादत : तिरंगे में लिपटे अमर शहीद अंकुश के पार्थिव शरीर को देख बिलख उठे हमीरपुरवासी, आसमान भी रोया, राजकीय सम्मान के साथ दी गई अंतिम विदाई , सीएम कल मिलेंगे परिजनों से तिरंगे में लिपटे अमर शहीद अंकुश का पार्थिव शरीर ले आज 10 बजे लेह से चण्डीगढ़ के लिए उड़ान भरेगा विशेष विमान, क़ड़ोहता के बरसेला नाला में होगी राष्ट्रीय सम्मान के साथ अंतिम विदाईअंकुश की शहादत से हमीरपुर गमगीन, हमीरपुर जिला के कड़ोहता ( भोरंज उपमंडल)का वीर सैनिक अंकुश शहीद हुआ , कड़ोहता में बेसब्री से हो रहा शहीद के पार्थिव देह का इंतज़ार ब्रेकिंग ) हमीरपुर : मानसिक परेशानी से घर से ग़ायब युवक की सातवें दिन जंगलबेरी में मिली डेड बॉडी,ब्रेकिंग : जिला सोलन के अर्की में कोरोना का पहला मामला आने से हड़कंप ब्रेकिंग: कोरोना पॉजिटिव व्यक्ति गुरुग्राम से सीधे पहुंचा अस्पताल, मेडिकल कॉलेज नेरचौक में मची अफरातफरी
-
खेल

देवेश ठाकुर ने जी-जुत्सू के बेंगलूर ओपन टूर्नामेंट में जीते चार गोल्ड मैडल

हिमालयन अपडेट ब्यूरो | December 18, 2019 03:52 PM

 कुल्लू,




   मार्शल आर्ट खेल जी-जुत्सू में राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अपनी अलग पहचान बना चुके कुल्लू जिले के युवा देवेश ठाकुर ने एक बार फिर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। बीते दिनों हुए राष्ट्रीय स्तर के टूर्नामेंट बेंगलूर ओपन में देवेश ने जी-जुत्सू के अलग-अलग वर्गों में चार गोल्ड मैडल जीतकर हिमाचल प्रदेश का नाम रोशन किया है।
  उन्होंने ये गोल्ड मैडल गी-मिडलवेट, नो-गी मिडलवेट और गी, नो-गी एबसोल्यूट वर्गों में हासिल किए हैं। देवेश कुमार ने बताया कि इस टूर्नामेंट में देश के विभिन्न राज्यों से बड़ी संख्या में जी-जुत्सू खिलाड़ियों ने भाग लिया।
  जी-जुत्सू में ब्ल्यू बैल्ट धारक देवेश ठाकुर मूल रूप से कुल्लू जिले की लगघाटी के निवासी हैं और बेंगलूरू में जी-जुत्सू का प्रशिक्षण ले रहे हैं। वह अन्य युवाओं को भी प्रशिक्षित कर रहे हैं। उनके माता-पिता कुल्लू शहर के निकट बदाह में रहते हैं। पिता डा. बलदेव ठाकुर जाने-माने आॅरथो सर्जन हैं तथा हिमाचल प्रदेश स्वास्थ्य विभाग के निदेशक पद से सेवानिवृत्त हुए हैं, जबकि माता शशि ठाकुर भी सेवानिवृत्त एचएएस अधिकारी हैं। देवेश के दादा स्वर्गीय मौलू राम ठाकुर भाषा, कला और संस्कृति विभाग के उपनिदेशक और हिमाचल प्रदेश के जाने-माने लोक साहित्यकार थे।
  देवेश ठाकुर आईआईटी का दर्जा प्राप्त बिड़ला इंस्टीट्यूट आॅफ टैक्नोलाॅजी पिलानी से इंजीनियरिंग डिग्रीधारक हैं। वह बचपन से ही फिजिकल फिटनेस को लेकर बहुत ही सजग रहे हैं और खेलों में भाग बढ़-चढ़कर भाग लेते रहे हैं। बिड़ला इंस्टीट्यूट आॅफ टैक्नोलाॅजी जैसे प्रतिष्ठित संस्थान से इंजीनियरिंग की डिग्री प्राप्त करने के बाद उन्हें एक बहुत बड़े पैकेज पर प्लेसमेंट मिली, लेकिन उन्होंने काॅरपोरेट सैक्टर के बजाय जी-जुत्सू को चुना और उसमें अलग पहचान बनाई।

Have something to say? Post your comment
और खेल खबरें
डबल्यू डबल्यू ई या किसी भी प्रोफेशनल कुश्ती में जो कुछ भी दिखाया जाता है वह पूरी तरह वास्तविक होता है ,टाइगर रपटा विंटर क्रिकेट सीरिज-2020 प्रतियोगिता संपन्न ड्राप रोबॉल खेलो की सीनियर वर्ग की बाहरवी एवं जूनियर वर्ग की दसवीं राष्ट्रिय ड्राप रोबॉल प्रतियोगिता आठ से दस मई तक ड्राप रोबॉल राष्ट्रिय प्रतियोगिता आठ से दस मई तक गोवा में की जाएगी आयोजित आनी राजकीय महाविद्यालय में एथलेटिक मीट का आयोजन ड्राप रो बाल का सीनियर नेशनल गोवा में आठ मई से 10 मई तक,महिला व पुरुष टीम लेंगे भाग महाराष्ट्र में सम्पन्न हुई राष्ट्रीय ड्राप रो बाल खेल साईलेेंत  किलर बायल टीम ने जीता सिराज कप जिला क्रिकेट संघ को प्रेस क्लब ने 3 विकटों से रौंदा प्रेस क्लब ट्रॉफी पर चामुंडा इलेवन ने जमाया कब्जा