Friday, July 19, 2024
Follow us on
ब्रेकिंग न्यूज़
बिंदल का दावा कांग्रेस ने देश को अंग्रेजो से भी ज्यादा नुकसान पहुंचाया हैश्रीखंड मे बहेगी ज्ञान गंगा शिमला के आचार्य राकेश भारद्वाज करेंगे प्रवचन 20 जुलाई से 27 जुलाई  तक होगा आयोजनशिक्षा मंत्री ने किया रामनगर विद्यालय भवन का लोकार्पणउपायुक्त मुकेश रेपसवाल की अध्यक्षता में पीएसीएस की बैठक आयोजितगर्मी में बार-बार की बिजली कटौती से लोग परेशान, प्रभावित हो रहे काम काजबड़सर के नशा मुक्ति केंद्र में 25 वर्षीय युवक की हत्या के बाद फरार आरोपी तुषार ने किया पुलिस स्टेशन में आत्मसमर्पण रक्षा बंधन को आना था घर लेकिन जम्मू के अखनूर में हमीरपुर के 23 साल के अग्रिवीर  की संदिग्ध मौत स्वतंत्रता दिवस की अवसर पर लोकसभा चुनावों के दौरान सराहनीय कार्यों के लिए कर्मचारियों को किया जाएगा सम्मानित
-
विशेष

संस्मरण - ऐतिहासिक शाम 22 मार्च 2020

-
हितेंद्र शर्मा | March 23, 2020 08:07 AM

शिमला,

पांच बजते ही शंखनाद, थालियों, घंटियों, और तालियों के साथ मंत्रमुग्ध जब मैंने आस-पड़ोस, गांव-शहर, प्रदेश-देश की ओर संचार माध्यमों से सभी को अपने प्रधानमंत्री की अपील का सम्पूर्ण सम्मान के साथ पालन करते देखा। मेरा सीना गर्व से चौड़ा हो गया और आंखों से निरन्तर आंसू बहते जा रहे थे। इन पंक्तियों का स्मरण हुआ कि कुछ बात है कि हस्ती, मिटती नहीं हमारी, सदियों रहा है दुश्मन, दौर-ए-ज़माँ हमारा, सारे जहाँ से अच्छा, हिन्दोस्ताँ हमारा। कोरोना वायरस के विरुद्ध पूरे देश की एकजुटता देख बेहद गर्व हुआ। इस महामारी से विश्व में अनेकों लोगों की मौतों से दिल आहत हैं। हमारे देश एंव प्रदेश की सरकार, प्रशासन, पुलिस और स्वास्थ्यकर्मियों द्वारा दिन-रात हमारे बचाव के लिए निरन्तर संघर्ष किया जा रहा हैं। एक लेखक का हृदय ऐसा मंज़र देख कर भावुक हो रहा है।

सर्वे भवन्तु सुखिनः की भावना के साथ हम भारतीय सम्पूर्ण विश्व के सुखी और रोगमुक्त रहने की प्रार्थना के साथ किसी भी प्राणी को दुख का भागी न बनना ऐसी कामना करते हैं। हमारी समृद्ध संस्कृति एंव संस्कार प्रेरणा देते हैं कि एक स्वर में एकसाथ की प्रार्थना प्रभावशाली होती है। भय और अशांति के वर्तमान वातावरण में सबके कल्याण, सुख और शांति के लिए हम एकजुट होकर इष्टदेव से प्रार्थना कर रहे है। कोरोना वायरस के साथ संघर्ष करते एक भावुक लेखक की कल्पना, काश भारत देश का हर नागरिक नशाखोरी, भ्रष्टाचार एंव भेदभाव के खिलाफ भी दिमाग की घंटी और तालियों के माध्यम से युवा पीढ़ी को बचाने के लिए समाज में चिट्टे जैसे अनेकों वायरसों के खिलाफ भी शंखनाद करें।

स्वच्छता, वृक्षारोपण एंव प्रकृति के संरक्षण हेतु वर्तमान में संघर्ष करने की आवश्यकता है। हमारा वातावरण, जलस्रोत और आसपास स्वच्छता रखने के लिए हमें संघर्षरत रहना होगा। देशहित में शतप्रतिशत लोगों ने आज भी एकजुटता नहीं दिखाई, बहुत से लोगों ने अपने-अपने स्तर पर जनभावनाओं का खूब मजाक बनाया। आखिर यह लोग कौन है? दुर्भाग्य से यह घमंडी लोगों की एक अद्भुत प्रजाति है। जिनका एकमात्र मकसद हमेशा दूसरों को नीचा दिखाना रहता है ताकि उनका कद सबसे ऊँचा नज़र आए। ऐसे लोग समाज की भलाई के लिए कभी कार्य नहीं करते, समाजिक एकता में भी इन्हें अंधविश्वास दिखाई देता है। घमंड का वायरस कोरोना से भी खतरनाक है लेकिन इसके नतीजे काफी समय बाद आते हैं। यह धीरे-धीरे इंसान को बर्बाद कर खत्म कर देता है। विश्व वर्तमान में एक गंभीर संकट से गुजर रहा है। लेकिन तथाकथित बुद्धिजीवियों और संकुचित मानसिकता के लोगों द्वारा गंभीर परिस्थितियों में भी भारतीयों का मजाक बनाकर स्वयं को क्या सिद्ध करना है?

-
-
Have something to say? Post your comment
-
और विशेष खबरें
उप राजिक मोहर सिंह छींटा सेवानिवृत वन चौकीदार से BO बनने तक का संघर्षपूर्ण सफर । नाम सक्षम ठाकुर योगा में हिमाचल और परिवार का नाम कर रहा ऊँचा विदेश से नौकरी छोड़ी, सब्जी उत्पादन से महक उठा स्वरोजगार सुगंधित फूलों की खेती से महकी सलूणी क्षेत्र के किसानों के जीवन की बगिया मौत यूं अपनी ओर खींच ले गई मेघ राज को ।हादसास्थल से महज दो किलोमीटर पहले अन्य गाड़ी से उतरकर सवार हुआ था हादसाग्रस्त आल्टो में । पीयूष गोयल ने दर्पण छवि में हाथ से लिखी १७ पुस्तकें. शिक्षक,शिक्षार्थी और समाज; लायक राम शर्मा हमें फक्र है : हमीरपुर का दामाद कलर्स चैनल पर छाया पुलिस जवान राजेश(राजा) आईजीएमसी शिमला में जागृत अवस्था में ब्रेन ट्यूमर का सफल ऑपेरशन किसी चमत्कार से कम नहीं लघुकथा अपने आप में स्वयं एक गढ़ा हुआ रूप होता है। इसे यूँ भी हम कह सकते हैं - गागर में सागर भरना
-
-
Total Visitor : 1,66,51,479
Copyright © 2017, Himalayan Update, All rights reserved. Terms & Conditions Privacy Policy